12,000 हज़ार साल पहले इंसान तीन समुदाय में विभाजित हो गए।

पहले ने तय किया वह वही करेंगे जो वे करते आ रहे हैं यानी शिकार कर अपना जीवन व्यतीत करेंगे।

दूसरे ने पशुपालन को अपनाकर खानाबदोश बन गए और

तीसरे इंसानी गुट ने कृषि को अपनाकर आधुनिक युग, विज्ञान, तकनीक, भुखमरी और कुपोषण की नींव रखी।

प्रथम समुदाय के ही एक व्यक्ति की मृत्यु इसी महीने 23 अगस्त हो ब्राज़ील के जंगल हो गयी जिसे दुनिया LAST MAN OF HOLES (लास्ट मैन ऑफ होल्स) के नाम से जानती है।

तनारू, लास्ट मैन ऑफ होल्स , LAST-MAN-OF-HOLES,TANARU
LAST-MAN-OF-HOLES

दुनिया उसका नाम नही जानती ना ही उसकी भाषा या संस्कृति के बारे में कोई जानकारी है। कारण वो अपने समुदाय का आखिरी बचा हुआ व्यक्ति था जिसने बाहरी दुनिया से कभी संपर्क साधने की कोशिश नही की।

लास्ट मैन ऑफ होल्स TANARU जनजाति से था, इस जनजाति के लोगों को 1970 से 1990 के बीच नरसंहार कर धीरे धीरे मिटा दिया गया।  ब्राज़ील की सरकार ने तनारू जनजाति को लुप्त घोषित कर दिया लेकिन 1996 में अमेज़न के जंगलों से मिली कुछ तस्वीरों के आधार पर पता चला इस जनजाति का एक व्यक्ति जीवित है जो अपने जनजाति इलाके में अकेला रह रहा है।

ब्राज़ील सरकार ने संपर्क बनाने की कोशिश की, लेकिन लास्ट मैन ऑफ होल्स ने अपनी रक्षा में धनुष बाण से हमला कर दिया। वो हमला नही दरसअल अपनी जल जंगल जमीन के रक्षा के लिए किया गया प्रयास था।

लास्ट मैन ऑफ होल्स अकेले जंगल में शिकार कर जीवन व्यतीत करता, फल फूल वनस्पतियों के सहारे जिंदगी गुजर रहा था, जहां भी रहता वहां एक गड्ढा खोद देता, इसी कारण दुनिया ने उसका नाम लास्ट मैन ऑफ होल्स रखा।

23 अगस्त को लास्ट मैन ऑफ होल्स की लाश उसके बनाए झूले पर मिली उसने अपने शरीर को पत्तों से ढक दिया था। जानकारों का कहना है लाश भले 23 तारीख को मिली पर मौत जुलाई माह में हुई और उसे जानकारी हो गयी थी उसकी मौत नजदीक आने वाली है इसलिए उसने अपना अंतिम संस्कार खुद किया। अपने झूले पास भी उसने एक बड़ा गड्ढा खोदकर रखा था।

लास्ट मैन ऑफ होल्स आधुनिक दुनिया का व्यक्ति नही था लेकिन उसकी दुनिया को उजाड़ने वाले हम आधुनिक युग के लोग ही हैं। हमने उसके पूरे समुदाय को खत्म किया उसकी संस्कृति भाषा और सभ्यता को मिटा दिया। इसके बावजूद उस इंसान ने आधुनिक दुनिया के आगे भिखारी बनने से इंकार कर दिया।

जनजाति भले जंगल में रहते है, शिकार कर अपना जीवन व्यतीत करते हैं, जंगलों में पाए जाने वाली वनस्पतियों पर निर्भर रहते हैं, इसी कारण उनके समुदाय में भुखमरी कुपोषण या गरीबी नही है।

हम आधुनिक इंसानों ने कृषि के बल नई सभ्यता बनाई, कृषि कर के बल पर बड़े बड़े साम्राज्य स्थापित किए, कृषि कर से धर्म का उदय हुआ, राजा महाराजा और संत पुरोहित पलने लगे। हिंसा लूटमार, भुखमरी, कुपोषण और गरीबी का उदय हुआ।

हम कृषि वालों ने आदिवासियों को उजाड़कर अपने महानगरों के घरों में नौकर बनाकर उनसे अपने टॉयलेट साफ कराते हैं, झाड़ू पोछा कराते हैं, उन पर तरह तरह की हिंसा करते हैं, उनके दांत तोड़ देते हैं।

लास्ट मैन ऑफ होल अपनी शर्तों पर जीया, आज़ाद जीया, आज़ाद होकर मृत्यु को पाया। उसने हमारी आधुनिक सभ्यता को लात मारकर साबित कर दिया हम 10,000 सालों से गलत रास्ते पर हैं।

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